Thursday, July 7, 2016

इतनी बारिश

इतनी बारिश जैसे आसमान पिघल रहा है ज़मीन की ख्वाइश में और गीली मिट्टी की सौंधी महक तस्लीम कर रही है प्यार की इस तपिश को ~

अर्चना
07-07-2016

इतनी बारिश

इतनी बारिश जैसे आसमान पिघल रहा है ज़मीन की ख्वाइश में और गीली मिट्टी की सौंधी महक तस्लीम कर रही है प्यार की इस तपिश को ~

अर्चना
07-07-2016

Friday, June 24, 2016

रावण !!

रावण अर्थात
शौर्य, विश्वास और पराक्रम
रावण अर्थात
गर्व,ज्ञान और धर्म
युद्ध किया, हुआ संग्राम प्रबल
पर रावण फिर भी डरा नहीं

एक धोबी की बातों में आकर
सीता को वन में भेजा दिया
राम की प्रीत के सम्मुख
रावण का स्नेह जीत गया
सीता को हरा पर छुआ नहीं
रावण कभी भी गिरा नहीं

बाल्मीकि की रामायण में
मर्यादा पुर्षोत्तम राम हुये
रावण के चरित्र पर किन्तु
बस अमर्यादित प्रश्न हुये
रावण के पुतले जले बहुत
पर रावण अब भी मरा नहीं !

अर्चना
24-06-2016

Monday, March 7, 2016

The Queen with Absconding King

Hold on
Expressions
until His heart melts
through His words

Resist
Temptations
until His Truth reveals
through His eyes

Insist
Hibernation
until His soul reflects
through His cries

Go on.....but
Get easy my Lady

For You are the Queen
of Your Freedom
thou screams are astonishing!

For You are the Queen
of Your Kingdom
thou King is absconding!

~ Archana
07-03-2016


Wednesday, December 9, 2015

I - The Warrior !


Step by Steps
I am
Going to bridge
All my fears
All my gaps
For I am
The Warrior
Who keeps walking
Let it be Water
or
Let it be Land


Archana

09-12-2015

Tuesday, September 29, 2015

तुम और मैं ..... !!

तुम गति
मैं धारा
तुम बहाव
मैं किनारा
तुम अनंत
मैं क्षितिज
तुम अथाह
मैं विदित
आकर्षण निश्चित है
और संघर्ष भी .......

~ अर्चना
28 - 09 - 2015





Saturday, September 26, 2015

बस वो एक पल .... !!

ऋतु अधीर है मन चंचल है एक हलचल मर्यादा के अंतःकरण में एक भगदड़ तन के कण कण में विस्मित आँखें मौन से झाँके हो जाता कुछ भी एक पल में 

~ अर्चना
26-09-2015